दुनिया को अपने विचारो से नया रास्ता दिखाने वाले भगवान गौतम बुद्ध भारत के महान दार्शनिक, वैज्ञानिक, धर्मगुरु, एक महान समाज सुधारक और बौद्ध धर्म के संस्थापक थे. बुद्ध की शादी यशोधरा के साथ हुई. इस शादी से एक बालक का जन्म हुआ था जिसका नाम राहुल रखा था लेकिन विवाह के कुछ समय बाद गौतम बुद्ध ने अपनी पत्नी और बच्चे को त्याग दिया. वे संसार को जन्म, मरण और दुखों से मुक्ति दिलाने के मार्ग की तलाश व सत्य दिव्य ज्ञान की खोज में रात के समय अपने राजमहल से जंगल की ओर चले गये थे. बहुत सालों की कठोर साधना के बाद बोध गया (बिहार) में बोधी वृक्ष के नीचे उन्हें ज्ञान की प्राप्ति हुई और वे सिद्धार्थ गौतम से गौतम बुद्ध बन गये.
Sunday, January 20, 2019
Thursday, January 10, 2019
महान दार्शनिक सुकरात की जीवनी | SOCRATES AS A TRUTH SEEKER
सुकरात यूनान के एक महान दार्शनिक थे | उन्हें पश्चिमी दर्शन का जनक भी कहा जाता है | पश्चिमी सभ्यता के विकास में उनकी अहम भूमिका रही है | सुकरात का जन्म 469 ईस्वी पूर्व एथेंस में हुआ था | उनके पिता एक मूर्तिकार थे | सुकरात ने भी अपने जीवन के आरम्भिक दिनों में पैतृक व्यवसाय को ही अपनाया था | अन्य लोगो की तरह उन्हों मातृभाषा , यूनानी कविता , गणित , ज्यामिति और खगोल विज्ञान की पढाई की थी | उन्होंने एक पैदल सैनिक के रूप में देश के दुश्मनों के खिलाफ युद्ध में भी भाग लिया था और उनके दोस्तों ने उनकी बहादुरी की सराहना भी की थी |
Wednesday, January 9, 2019
चंद्रशेखर आजाद की BIOGRAPHY: आजाद ही रहे हैं, आजाद ही रहेंगे...
Chandra Shekhar Azad life story in hindi आजाद यह शब्द आते ही अपनी मूंछो को ताव देता वह नौजवान आखों के सामने आ जाता है, जिसे पूरी दुनिया चंद्रशेखर आजाद के नाम से जानती है. एक युवा क्रांतिकारी जिसने अपने देश के लिए हंसते—हंसते प्राण उत्सर्ग कर दिए. जो अपनी लड़ाई के आखिर तक आजाद ही रहा. दुनिया में जिस सरकार का सूर्य अस्त नहीं होता था, वह शक्तिशाली सरकार भी उसे कभी बेड़ियों में जकड़ ही नहीं पाई. चंद्रेशेखर हमेशा आजाद ही रहें, अपनी आखिरी सांस तक.
Tuesday, January 1, 2019
डॉ. राजेन्द्र प्रसाद : भारत के पहले राष्ट्रपति का जीवन परिचय |
राजेन्द्र प्रसाद स्वतंत्र भारत के पहले राष्ट्रपति थे। देश के स्वतंत्रता संग्राम और स्वतंत्रता के पश्चात नव भारत के निर्माण में उन्होंने काफी महत्वपूर्ण योगदान दिए। उन्होंने देश के स्वतंत्रता संग्राम में भाग लेने के लिए अपने वकालत जैसे लाभप्रद पेशे तक को छोड़ दिया। आज़ादी के बाद वो उन लोगों में से एक थे जिन्होंने नए भारत को आकार देने में अपना जीवन समर्पित कर दिया।
रामकृष्ण परमहंस का जीवन परिचय
रामकृष्ण परमहंस भारत के बहुत प्रसिद्ध संत में से एक हैं . स्वामी विवेकानंद जी इनके विचारों से प्रेरित थे, इसी कारण विवेकानंद जी ने इन्हें अपना गुरु माना और इनके विचारों को गति प्रदान करने के लिए रामकृष्ण मठ की स्थापना की जो कि बेलूर मठ के द्वारा संचालित हैं . रामकृष्ण मठ और मिशन नामक यह संस्था जन मानुष के कल्याण के लिए एवं उनके आध्यात्मिक विकास के लिए दुनियाँ भर में काम करती हैं.
Subscribe to:
Posts (Atom)